[<p style="text-align: justify;">हर व्यक्ति की फिजिकल रिलेशन बनाने की इच्छा अलग-अलग होती है. कोई व्यक्ति ज्यादा फिजिकल रिलेशन बनाने वाला हो सकता है, तो कोई कम. लेकिन क्या होगा अगर किसी व्यक्ति में यह इच्छा इतनी बढ़ जाए कि वह खुद पर कंट्रोल नहीं रख पाए. ऐसी स्थिति को निम्फोमेनिया कहा जाता है. यह एक मानसिक स्थिति है, जिसमें व्यक्ति को शारीरिक संबंध बनाने की ज्यादा और अन कंट्रोल इच्छा होती है.</p>
<p style="text-align: justify;">निम्फोमेनिया सिर्फ एक सामान्य फिजिकल रिलेशन बनाने की इच्छा नहीं है. इसमें दिन में कई बार यौन संबंध बनाने की इच्छा इतनी जबरदस्त होती है कि व्यक्ति का डेली रूटीन, रिश्ते, करियर और मानसिक स्वास्थ्य प्रभावित होने लगता है. कुछ मामलों में, व्यक्ति को एक दिन में 10 से 12 बार शारीरिक संबंध बनाने की इच्छा हो सकती है. यह सिर्फ एक इच्छा नहीं रहती, बल्कि एक बाध्यकारी व्यवहार (Compulsive Behavior) बन जाती है, जिसे रोक पाना बहुत मुश्किल हो जाता है. </p>
<p style="text-align: justify;"><strong>निम्फोमेनिया के लक्षण</strong></p>
<p style="text-align: justify;"><strong>1. अन कंट्रोल फिजिकल रिलेशन- </strong>व्यक्ति चाहकर भी अपनी फिजिकल रिलेशन इच्छाओं पर नियंत्रण नहीं रख पाता. यह स्थिति कभी-कभी इतनी तेज हो जाती है कि रोजमर्रा के कामों पर इसका असर पड़ता है. </p>
<p style="text-align: justify;"><strong>2. लगातार फिजिकल रिलेशन विचार -</strong> दिनभर लगातार फिजिकल रिलेशन कल्पनाएं और विचार दिमाग में घूमते रहते हैं, जिससे अन्य कामों पर ध्यान केंद्रित करना मुश्किल हो जाता है. </p>
<p style="text-align: justify;"><strong>3. नकारात्मक परिणाम – </strong>फिजिकल रिलेशन एक्टिवीटीज के कारण रिश्तों, काम और सामाजिक जीवन में समस्याएं आती हैं, जैसे झगड़े या नौकरी में असफलता. </p>
<p style="text-align: justify;"><strong>4. जोखिम भरा व्यवहार -</strong> व्यक्ति कई पार्टनर्स के साथ असुरक्षित फिजिकल रिलेशन बनाता है और इसके परिणामों की परवाह नहीं करता है. </p>
<p style="text-align: justify;"><strong>क्यों होता है निम्फोमेनिया?</strong></p>
<p style="text-align: justify;">किसी व्यक्ति में यह स्थिति अचानक नहीं आती है. इसके पीछे कई कारण हो सकते हैं. जैसे दिमाग में हार्मोन और न्यूरोट्रांसमीटर का असंतुलन होने पर यह स्थिति उत्पन्न हो सकती है. कभी-कभी जीवन में हुई कुछ परेशानियां या तनाव, जैसे यौन उत्पीड़न या मानसिक आघात, व्यक्ति को इस स्थिति में ला सकते हैं. लगातार तनाव में रहने वाले व्यक्ति के दिमाग में हार्मोन का संतुलन बिगड़ जाता है, जिससे यह स्थिति उत्पन्न हो सकती है. </p>
<p style="text-align: justify;"><strong>पुरुष और महिलाओं में निम्फोमेनिया</strong></p>
<p style="text-align: justify;">महिलाओं में यह स्थिति अधिक देखने को मिलती है और इसे निम्फोमेनिया कहा जाता है. पुरुषों में इसी तरह की स्थिति को सैटेराइसिस (Satyriasis) कहा जाता है. दोनों में इसका प्रभाव समान होता है. फिजिकल रिलेशन बनाने की इच्छा पर नियंत्रण खोना और लगातार संबंध बनाने की आदत. </p>
<p style="text-align: justify;"><strong>निम्फोमेनिया का इलाज</strong></p>
<p style="text-align: justify;">निम्फोमेनिया को पूरी तरह से एक बीमारी के रूप में पूरी दुनिया में मान्यता नहीं मिली है, लेकिन इसे हाइपरसेक्सुअलिटी डिसऑर्डर (Hypersexuality Disorder) या सेक्सुअल एडिक्शन (Sexual Addiction) के रूप में देखा जाता है. इस विशेषकर CBT (Cognitive Behavioral Therapy) जैसी साइकोथेरपी मददगार होती है. डॉक्टर कुछ दवाइयां लिख सकते हैं, जो फिजिकल रिलेशन बनाने की इच्छा और compulsive behavior को नियंत्रित करने में मदद करती हैं. ऐसे लोगों के लिए सहायता समूह भी होते हैं, जहां एक्सपीरियंस शेयर करने और समस्या को समझने में मदद मिलती है. </p>
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<p style="text-align: justify;"><strong>Disclaimer: यह जानकारी रिसर्च स्टडीज और विशेषज्ञों की राय पर आधारित है. इसे मेडिकल सलाह का विकल्प न मानें. किसी भी नई गतिविधि या व्यायाम को अपनाने से पहले अपने डॉक्टर या संबंधित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें.</strong></p>
Source:
www.abplive.com
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